संजय राउत ने दिया विवादित बयान

चुनाव प्रचार का दौर है और आचार संहिता का डर इस समय सभी प्रत्याशियो को है की कहीं उनसे किसी तरह की कोई चूक न हो जाये | लेकिन शिवसेना प्रत्याशी को क्या उन्हें तो कोई फर्क ही नहीं पड़ता | शिवसेना के नेता संजय राउत ने इस बार आचार संहिता को ही चुनौती दे दी है. एक भाषण में उन्होंने कहा कि भाड़ में गया कानून, आचार संहिता को भी हम देख लेंगे.

14 अप्रैल को एक भाषण में संजय राउत ने कहा कि वैसे तो हम कानून मानने वाले लोग हैं, लेकिन चुनाव के दौरान हमारे ऊपर एक दबाव बना रहता है. कहीं आचार संहिता का उल्लंघन ना हो जाए. इसी दौरान उन्होंने कहा, ‘भाड़ में गया कानून, आचार संहिता भी हम देख लेंगे. जो बात हमारे मन में है, वो अगर मन से बाहर नहीं निकले तो घुटन सी होती है.’’

बता दें कि चुनाव प्रचार के दौरान चुनाव आयोग हर नेता, प्रचारक के बयान पर नजर रखता है. प्रचार के दौरान कुछ नियम तय किए जाते हैं, जिसका पालन हर पार्टी को करना होता है. इसे ही आचार संहिता कहा गया है.

अभी तक के चुनाव प्रचार को देखें तो कई बयान ऐसे आए हैं, जिन्होंने आचार संहिता का उल्लंघन किया और आयोग ने उन्हें फटकार भी लगाई है. हाल ही में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अली और बजरंग बली को लेकर बयान दिया था, जिसपर आयोग ने उन्हें नोटिस भेजा था.

वहीं, बहुजन समाज पार्टी की प्रमुख मायावती ने एक जनसभा में मुस्लिम समुदाय के लोगों से महागठबंधन के लिए वोट करने की अपील की थी. इस बयान को धर्म के नाम पर वोट मांगने वाला माना गया था, जिसपर चुनाव आयोग ने उन्हें नोटिस भेजा था.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *